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तू इश्क़ मेरा 
तुझे इश्क़ नहीं तो क्या हुआ।

तू वक़्त मेरा

तुझे वक़्त नहीं तो क्या हुआ
तू खुदा मेरा

तू ख़ुद नहीं तो क्या हुआ

तू रहनुमा मेरा

तुझमें रहम नहीं तो क्या हुआ

तू दर्द मेरा

तुझे एहसास नहीं तो क्या हुआ

तू मक़बूल मेरा

पर तू काफ़िर ठहरा, तो भी क्या हुआ। 

Alright! Hi I don’t have a title for this! Hit me up if you have something in mind. 
Taking my blog to next level with #MyFriendAlexa campaign. 
Have a terrific Thursday peeps! 😀